07 Aug लोकसभा ने विदेशी बॉन्ड निवेशकों को कर-छूट बिल पारित किया: जानें पूरा विवरण
✎ विदेशी बांड निवेशकों को कर छूट से विदेशी पूंजी आकर्षित होगी और अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।
प्रासंगिकता — UPSC & State PCS: Polity
**लोकसभा द्वारा पारित विदेशी बॉन्ड निवेशकों को कर-मुक्त करने वाला विधेयक**
हाल ही में लोकसभा ने विदेशी बॉन्ड निवेशकों को कर-मुक्त करने संबंधी विधेयक पारित कर दिया है, जिसका उद्देश्य विदेशी निवेशकों को भारतीय बॉन्ड बाजार में आकर्षित करना है। यह विधेयक विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPIs) को सरकारी और कॉर्पोरेट बॉन्ड में निवेश पर मिलने वाले कर लाभों को और व्यापक बनाता है। इससे देश में विदेशी पूंजी के प्रवाह में वृद्धि होगी, जिससे आर्थिक विकास को गति मिलेगी। साथ ही, यह कदम भारतीय रुपये की स्थिरता और विदेशी मुद्रा भंडार को मजबूत करने में भी सहायक सिद्ध होगा।
इस विधेयक का राजनीतिक और आर्थिक दोनों दृष्टिकोण से महत्व है। राजनीतिक रूप से, यह सरकार की विदेशी निवेशकों के प्रति अनुकूल नीतियों को दर्शाता है, जो वैश्विक निवेशकों का विश्वास बढ़ाने में मदद करेगा। आर्थिक दृष्टि से, इससे सरकार को अपने बजट घाटे को पूरा करने के लिए विदेशी ऋण लेने में आसानी होगी, क्योंकि विदेशी निवेशकों को कर-मुक्त लाभ मिलने से उनकी रुचि बढ़ेगी। यह विधेयक प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) और विदेशी पोर्टफोलियो निवेश (FPI) के बीच संतुलन बनाने का प्रयास भी है, जिससे अर्थव्यवस्था में पूंजी की उपलब्धता सुनिश्चित हो सके।
इस विधेयक का यूपीएससी और राज्य पीसीएस परीक्षाओं के लिए विशेष महत्व है, क्योंकि यह प्रत्यक्ष रूप से भारतीय अर्थव्यवस्था, कर प्रणाली और विदेशी निवेश से संबंधित विषयों से जुड़ा हुआ है। यूपीएससी मुख्य परीक्षा के लिए यह विषय ‘अर्थव्यवस्था’ और ‘राजव्यवस्था’ दोनों के पाठ्यक्रम में आता है, जबकि राज्य पीसीएस में भी कराधान, विदेशी निवेश और आर्थिक सुधारों से संबंधित प्रश्नों में उपयोगी हो सकता है। इसके अलावा, यह विधेयक वैश्विक आर्थिक परिदृश्य और भारत की वैश्विक आर्थिक स्थिति को भी दर्शाता है, जो समसामयिक मामलों के अध्ययन के लिए महत्वपूर्ण है।
इस विधेयक के माध्यम से सरकार ने विदेशी निवेशकों के
स्रोत: ndtv.com
अभ्यास प्रश्न
Q1. लोकसभा द्वारा पारित किए गए विधेयक के अनुसार, विदेशी बॉन्ड निवेशकों को किस प्रकार की कर छूट प्रदान की गई है?
- 1. आयकर से पूर्ण छूट
- 2. पूंजीगत लाभ कर से पूर्ण छूट
- 3. विदेशी मुद्रा विनियमन कर से पूर्ण छूट
- 4. सेवा कर से पूर्ण छूट
उत्तर
2. पूंजीगत लाभ कर से पूर्ण छूट — विधेयक में विदेशी बॉन्ड निवेशकों को आयकर से पूर्ण छूट प्रदान करने का प्रावधान किया गया है, ताकि विदेशी निवेश आकर्षित किया जा सके।
Q2. विधेयक के अनुसार, विदेशी बॉन्ड निवेशकों को कर छूट का लाभ किस प्रकार मिलेगा?
- 1. केवल सरकारी बॉन्ड में निवेश पर
- 2. केवल कॉर्पोरेट बॉन्ड में निवेश पर
- 3. सरकारी और कॉर्पोरेट दोनों प्रकार के बॉन्ड में निवेश पर
- 4. केवल विदेशी मुद्रा विनियमन के अधीन बॉन्ड में निवेश पर
उत्तर
4. केवल विदेशी मुद्रा विनियमन के अधीन बॉन्ड में निवेश पर — विधेयक में विदेशी बॉन्ड निवेशकों को सरकारी और कॉर्पोरेट दोनों प्रकार के बॉन्ड में निवेश पर कर छूट प्रदान करने का प्रावधान है।
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