27 Jul मॉनसून सत्र 2026: पेपर लीक बिल पर केंद्र-विपक्ष में 3 घंटे तक चले वार्ता, ओम बिरला का बड़ा फैसला
प्रासंगिकता — UPSC & State PCS: Polity
**संसद का मानसून सत्र 2026: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने केंद्र और विपक्ष को कागज-पत्ती रोक विधेयक पर गतिरोध समाप्त करने के लिए तीन घंटे का समय दिया**
संसद का मानसून सत्र 2026 राजनीतिक गतिरोध और विधायी प्रक्रिया में उत्पन्न चुनौतियों के कारण चर्चा में रहा। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने केंद्र सरकार और विपक्ष को “कागज-पत्ती रोक विधेयक” पर आपसी मतभेदों को दूर करने के लिए तीन घंटे का समय दिया, जिससे विधेयक के पारित होने का मार्ग प्रशस्त हो सके। यह विधेयक परीक्षा पेपर लीक की बढ़ती घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से लाया गया था, जो देश की शैक्षिक व्यवस्था और युवाओं के भविष्य पर गहरा असर डाल रही हैं। विधेयक के माध्यम से सरकार ने कठोर दंडात्मक प्रावधानों का प्रस्ताव रखा था, जिस पर विपक्ष ने आपत्ति जताई थी। अध्यक्ष बिरला की पहल से दोनों पक्षों के बीच बातचीत को गति मिलने की उम्मीद जगी, हालांकि इस दौरान सदन में गतिरोध बना रहा।
इस विधेयक की प्रासंगिकता मुख्य रूप से शासन व्यवस्था और कानून निर्माण प्रक्रिया को मजबूत करने के संदर्भ में है। यूपीएससी और राज्य पीसीएस परीक्षाओं के लिए यह महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें विधायी प्रक्रिया, संसदीय गतिरोधों के समाधान, और सरकार-विपक्ष संबंधों के पहलुओं को समझने का अवसर मिलता है। इसके अतिरिक्त, परीक्षा पेपर लीक जैसे मुद्दे राष्ट्रीय महत्व के विषय हैं, जिन पर नीति निर्माण और कानूनों के प्रभाव का आकलन किया जा सकता है। यह विधेयक न केवल शैक्षिक पारदर्शिता सुनिश्चित करेगा, बल्कि भविष्य में होने वाले पेपर लीक के मामलों पर रोक लगाने में भी सहायक होगा।
विधायी प्रक्रिया में उत्पन्न गतिरोधों को दूर करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष की भूमिका भी महत्वपूर्ण रही। ओम बिरला ने सदन में शांति बनाए रखने और विधेयकों पर चर्चा को आगे बढ़ाने के लिए मध्यस्थता की भूमिका निभाई। यह घटना इस बात को रेखांकित करती है कि संसदीय लोकतंत्र में अध्यक्ष की भूमिका केवल प्रक
स्रोत: ndtv.com
अभ्यास प्रश्न
Q1. संसद के मानसून सत्र 2026 के दौरान ‘एंटी-पेपर लीक बिल’ पर केंद्र और विपक्ष के बीच गतिरोध को समाप्त करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला द्वारा दिया गया समय कितना था?
- 1 घंटा
- 2 घंटे
- 3 घंटे
- 4 घंटे
उत्तर
3 घंटे — लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने संसद के मानसून सत्र 2026 के दौरान ‘एंटी-पेपर लीक बिल’ पर केंद्र और विपक्ष के बीच गतिरोध को समाप्त करने के लिए दोनों पक्षों को 3 घंटे का समय दिया था।
Q2. ‘एंटी-पेपर लीक बिल’ का मुख्य उद्देश्य क्या है?
- परीक्षा में नकल रोकना
- कागजों के लीक होने की रोकथाम
- शिक्षा प्रणाली में सुधार
- विद्यार्थियों को मुफ्त पुस्तकें प्रदान करना
उत्तर
कागजों के लीक होने की रोकथाम — एंटी-पेपर लीक बिल का मुख्य उद्देश्य परीक्षा में पेपर लीक होने की रोकथाम करना है, जिससे परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित हो सके।
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