पशुपालन विभाग ‘विशेष अभियान 6’ में करेगा शामिल, जानिए लक्ष्य और तैयारी

पशुपालन एवं डेयरी विभाग विशेष अभियान 6 में भाग लेने को तैयार है — labelled illustration

पशुपालन विभाग ‘विशेष अभियान 6’ में करेगा शामिल, जानिए लक्ष्य और तैयारी

✎ DARPG द्वारा संचालित विशेष अभियान सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता, दक्षता और लंबित मामलों के त्वरित निपटान के माध्यम से सुशासन को बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।

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विषय प्रासंगिकता — यह टॉपिक कहाँ आता है

  • GS Paper II — शासन, पारदर्शिता एवं जवाबदेही
  • Prelims: विशेष अभियान, प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG), पशुपालन एवं डेयरी विभाग (DAHD), स्वच्छता अभियान, लंबित मामलों का निपटान, ई-फाइलें, सार्वजनिक शिकायतें
  • Essay: सुशासन और प्रभावी लोक सेवा वितरण में प्रशासनिक सुधारों की भूमिका, डिजिटल युग में सरकारी कार्यप्रणाली का आधुनिकीकरण

त्वरित पुनरावृत्ति: DARPG द्वारा संचालित विशेष अभियान सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता, दक्षता और लंबित मामलों के त्वरित निपटान के माध्यम से सुशासन को बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।

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यह खबर चर्चा में क्यों?

पशुपालन एवं डेयरी विभाग (Department of Animal Husbandry and Dairying – DAHD) विशेष अभियान 6 में भाग लेने की तैयारी कर रहा है। यह अभियान प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (Department of Administrative Reforms and Public Grievances – DARPG) द्वारा सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता को संस्थागत रूप देने और लंबित मामलों के समयबद्ध निपटान को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाया जाता है। विभाग ने इससे पहले विशेष अभियान 5.0 में सक्रिय रूप से भाग लिया था, जिसके तहत फाइलों की समीक्षा, स्वच्छता और सार्वजनिक शिकायतों के निपटान जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए गए थे।

पृष्ठभूमि

  • विशेष अभियान, प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) द्वारा सरकारी कार्यालयों में दक्षता, पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने के लिए शुरू की गई एक पहल है।
  • इन अभियानों का प्राथमिक उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता मानकों को बेहतर बनाना और विभिन्न स्तरों पर लंबित मामलों, जैसे संसदीय आश्वासन, सार्वजनिक शिकायतें, पीएमओ संदर्भ और सांसदों से प्राप्त संदर्भों का त्वरित निपटान सुनिश्चित करना है।
  • इस अभियान के तहत भौतिक और ई-फाइलों की समीक्षा, अनुपयोगी फाइलों को हटाना, कार्यालय परिसर की स्वच्छता और राजस्व सृजन जैसे कार्य शामिल होते हैं।
  • विशेष अभियान 6, पिछली सफलताओं पर आधारित होगा और इसका लक्ष्य सरकारी कार्यप्रणाली में और सुधार लाना है।

प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) के विशेष अभियान

  • प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) भारत सरकार के कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय के तहत कार्य करता है।
  • इसका मुख्य कार्य प्रशासनिक सुधारों को बढ़ावा देना, लोक शिकायतों का निवारण करना और सरकारी कामकाज में पारदर्शिता व दक्षता लाना है।
  • विशेष अभियान DARPG की एक प्रमुख पहल है, जिसका उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में कार्य संस्कृति में सुधार लाना है।
  • इन अभियानों के तहत मुख्य रूप से स्वच्छता, लंबित फाइलों का निपटारा, सार्वजनिक शिकायतों का निवारण, नियमों और प्रक्रियाओं का सरलीकरण तथा ई-गवर्नेंस को बढ़ावा देना शामिल है।
  • अभियान का लक्ष्य सरकारी कार्यालयों में अनावश्यक कागजी कार्रवाई को कम करना और डिजिटल कार्यप्रणाली को अपनाना है, जिससे संसाधनों की बचत हो और निर्णय लेने की प्रक्रिया तेज हो।
  • यह अभियान मंत्रालयों और विभागों को अपने आंतरिक कामकाज की समीक्षा करने, अक्षमताओं की पहचान करने और उन्हें दूर करने के लिए प्रोत्साहित करता है।
  • इन अभियानों से सार्वजनिक सेवा वितरण में सुधार होता है और नागरिकों के प्रति सरकार की जवाबदेही बढ़ती है, जिससे सुशासन की स्थापना में मदद मिलती है।
  • अभियान के तहत प्राप्त उपलब्धियों की नियमित निगरानी और रिपोर्टिंग की जाती है, जिससे पारदर्शिता बनी रहती है और भविष्य के अभियानों के लिए सीख मिलती है।

मुख्य विशेषताएँ

विशेषता महत्व
विशेष अभियान 6 में भागीदारी पशुपालन एवं डेयरी विभाग (DAHD) की प्रशासनिक दक्षता और जवाबदेही में निरंतरता
स्वच्छता कार्यप्रणालियों का सुदृढ़ीकरण सरकारी कार्यालयों में स्वच्छ और कुशल कार्य वातावरण सुनिश्चित करना, जो उत्पादकता बढ़ाता है
लंबित मामलों का समय पर निपटान नागरिकों और अन्य हितधारकों के प्रति सरकारी सेवाओं की प्रभावशीलता और विश्वसनीयता में सुधार
प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) के दिशानिर्देश सरकारी कामकाज में मानकीकरण और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए एक संस्थागत ढाँचा प्रदान करना
भौतिक और ई-फाइलों की समीक्षा एवं निपटान रिकॉर्ड प्रबंधन को सुव्यवस्थित करना, अनावश्यक कागजी कार्रवाई को कम करना और डिजिटल शासन को बढ़ावा देना
राजस्व सृजन और स्थान खाली करना संसाधनों का कुशल उपयोग और सरकारी परिसंपत्तियों का बेहतर प्रबंधन

महत्व

प्रशासनिक महत्व

  • यह अभियान सरकारी विभागों में प्रशासनिक दक्षता, पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देता है।
  • लंबित मामलों के निपटान से नागरिकों और अन्य हितधारकों को समय पर सेवाएं सुनिश्चित होती हैं, जिससे लोक सेवा वितरण में सुधार होता है।
  • स्वच्छता और रिकॉर्ड प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित करने से सरकारी कार्यालयों का कार्य वातावरण बेहतर होता है और संसाधनों का कुशल उपयोग होता है।

शासन और नीतिगत महत्व

  • यह प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) द्वारा निर्धारित व्यापक शासन सुधार एजेंडा का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य सरकारी कामकाज को सुव्यवस्थित करना है।
  • ई-फाइलों की समीक्षा और बंद करने से डिजिटल शासन (Digital Governance) को बढ़ावा मिलता है और कागजी कार्रवाई कम होती है, जो ‘न्यूनतम सरकार, अधिकतम शासन’ के सिद्धांत के अनुरूप है।
  • सांसदों, राज्य सरकारों और पीएमओ (PMO) से प्राप्त संदर्भों का निपटान अंतर-सरकारी समन्वय और नीति कार्यान्वयन की प्रभावशीलता को दर्शाता है।

सामाजिक महत्व

  • सार्वजनिक शिकायतों और अपीलों का समय पर निपटान नागरिकों के विश्वास को बढ़ाता है और सरकार के प्रति उनकी संतुष्टि में सुधार करता है।
  • स्वच्छता अभियान सार्वजनिक स्वास्थ्य और पर्यावरण के प्रति सरकारी प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है, जो व्यापक सामाजिक कल्याण में योगदान देता है।

चुनौतियाँ

1. लंबित मामलों का स्थायी समाधान

  • अभियान-आधारित निपटान के बाद भी, नए मामले लगातार उत्पन्न होते रहते हैं। स्थायी समाधान के लिए प्रक्रियाओं में संरचनात्मक सुधारों की आवश्यकता है।
  • प्रक्रियाओं में जटिलता और अंतर-विभागीय समन्वय की कमी अक्सर मामलों के लंबित रहने का कारण बनती है।

2. डिजिटल परिवर्तन में चुनौतियाँ

  • भौतिक फाइलों से ई-फाइलों में पूर्ण संक्रमण में तकनीकी अवसंरचना, डेटा सुरक्षा और कर्मचारियों के प्रशिक्षण से संबंधित चुनौतियाँ हैं।
  • डिजिटल रिकॉर्ड के प्रबंधन और पुराने भौतिक रिकॉर्ड के डिजिटलीकरण में पर्याप्त निवेश और विशेषज्ञता की आवश्यकता होती है।

3. संसाधन और क्षमता निर्माण

  • अभियानों को प्रभावी ढंग से चलाने के लिए पर्याप्त मानव संसाधन और वित्तीय संसाधनों की आवश्यकता होती है, विशेषकर छोटे विभागों में।
  • कर्मचारियों को नई प्रक्रियाओं और डिजिटल उपकरणों के उपयोग के लिए लगातार प्रशिक्षित करने की आवश्यकता है।

4. जवाबदेही और निगरानी

  • अभियानों के बाद भी, यह सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है कि निर्धारित मानकों का पालन जारी रहे और जवाबदेही बनी रहे।
  • प्रदर्शन की निरंतर निगरानी और मूल्यांकन के लिए एक मजबूत तंत्र की आवश्यकता है।

चुनौतियाँ — यूपीएससी दृष्टिकोण

मुद्दा चिंता
लंबित मामलों का निरंतर संचय प्रशासनिक प्रक्रियाओं में अंतर्निहित अक्षमताएं और विलंब
प्रौद्योगिकी अपनाने में असमानता सभी विभागों में डिजिटल उपकरणों और ई-फाइलिंग प्रणालियों का समान रूप से उपयोग न होना
कर्मचारियों का प्रतिरोध या प्रशिक्षण की कमी नई कार्यप्रणालियों और स्वच्छता मानकों को अपनाने में बाधाएँ
अभियान-आधारित दृष्टिकोण की सीमाएँ दीर्घकालिक और स्थायी सुधारों के बजाय अल्पकालिक समाधानों पर ध्यान केंद्रित करना
निगरानी और मूल्यांकन तंत्र की प्रभावशीलता यह सुनिश्चित करना कि अभियान के लक्ष्य वास्तव में प्राप्त हों और उनका स्थायी प्रभाव हो

आगे की राह

  • लंबित मामलों के मूल कारणों की पहचान करने और उन्हें दूर करने के लिए प्रक्रियाओं का पुनर्रचना (re-engineering) करना।
  • डिजिटल शासन को बढ़ावा देने के लिए व्यापक ई-ऑफिस (e-Office) कार्यान्वयन और डेटा सुरक्षा उपायों को मजबूत करना।
  • कर्मचारियों के लिए नियमित प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित करना ताकि वे नई कार्यप्रणालियों और प्रौद्योगिकियों को अपना सकें।
  • स्वच्छता और रिकॉर्ड प्रबंधन के लिए स्थायी संस्थागत तंत्र स्थापित करना, न कि केवल अभियान-आधारित दृष्टिकोण पर निर्भर रहना।
  • प्रदर्शन निगरानी और मूल्यांकन के लिए एक मजबूत और पारदर्शी ढाँचा विकसित करना, जिसमें सार्वजनिक प्रतिक्रिया तंत्र भी शामिल हो।
  • अंतर-विभागीय समन्वय को मजबूत करना ताकि संयुक्त रूप से निपटाए जाने वाले मामलों में तेजी लाई जा सके।
  • नागरिकों को अपनी शिकायतें दर्ज करने और उनकी स्थिति को ट्रैक करने के लिए अधिक सुलभ और उपयोगकर्ता-अनुकूल मंच प्रदान करना।

यूपीएससी मूल्य-संवर्धन

मुख्य परीक्षा उत्तर-लेखन हेतु कीवर्ड

विशेष अभियान · प्रशासनिक सुधार · लोक शिकायत · सरकारी दक्षता · स्वच्छता · लंबित मामलों का निपटान · ई-फाइल प्रबंधन · राजस्व सृजन · पशुपालन एवं डेयरी विभाग · सुशासन

अवधारणा प्रवाह

प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) के दिशानिर्देश जारी करना  →  विशेष अभियान (जैसे विशेष अभियान 5.0 और 6) की शुरुआत  →  सरकारी विभागों द्वारा स्वच्छता और लंबित मामलों के निपटान पर ध्यान केंद्रित करना  →  भौतिक और ई-फाइलों की समीक्षा, निपटान और स्थान खाली करना  →  नागरिक शिकायतों, संसदीय आश्वासनों और अन्य संदर्भों का समय पर निपटान  →  प्रशासनिक दक्षता में वृद्धि और लोक सेवा वितरण में सुधार

प्रारंभिक अभ्यास प्रश्न

Q1. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. विशेष अभियान 5.0 का उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता को संस्थागत बनाना और लंबित मामलों को कम करना था।
2. यह अभियान केवल मत्स्यपालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय द्वारा ही चलाया गया था।
3. अभियान के दौरान भौतिक फाइलों की समीक्षा और उनके निपटान से राजस्व भी उत्पन्न हुआ।
उपरोक्त में से कितने कथन सही हैं?

  1. केवल एक
  2. केवल दो
  3. सभी तीन
  4. कोई नहीं

उत्तर: केवल दो — कथन 1 सही है क्योंकि विशेष अभियान 5.0 का प्राथमिक उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता और लंबित मामलों का निपटान था। कथन 2 गलत है क्योंकि यह अभियान प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार चलाया गया था, जिसमें विभिन्न विभाग भाग लेते हैं। कथन 3 सही है क्योंकि बेकार फाइलों को हटाने और उनकी छंटाई से राजस्व उत्पन्न हुआ।

Q2. प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) का प्राथमिक कार्य क्या है?

  1. सरकारी नीतियों का निर्माण
  2. लोक सेवकों का प्रशिक्षण
  3. सरकारी कार्यालयों में प्रशासनिक सुधारों और लोक शिकायतों के निवारण का समन्वय
  4. राजकोषीय घाटे का प्रबंधन

उत्तर: सरकारी कार्यालयों में प्रशासनिक सुधारों और लोक शिकायतों के निवारण का समन्वय — DARPG का मुख्य कार्य सरकारी कार्यालयों में प्रशासनिक सुधारों को बढ़ावा देना और नागरिकों की लोक शिकायतों का प्रभावी ढंग से निवारण सुनिश्चित करना है, जैसा कि विशेष अभियानों के माध्यम से भी परिलक्षित होता है।

मुख्य अभ्यास प्रश्न

✍ सरकारी कार्यालयों में दक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने में ‘विशेष अभियान’ जैसे प्रयासों की भूमिका का आलोचनात्मक परीक्षण कीजिए। क्या ये अभियान स्थायी प्रशासनिक सुधारों के लिए पर्याप्त हैं? (15 Marks)

रूपरेखा: मॉडल-उत्तर संरचना:
1. **परिचय:** ‘विशेष अभियान’ जैसे कार्यक्रमों का संक्षिप्त परिचय, उनके उद्देश्यों (स्वच्छता, लंबित मामलों का निपटान, ई-फाइल प्रबंधन) पर प्रकाश डालते हुए।
2. **दक्षता और पारदर्शिता में भूमिका:**
* **सकारात्मक पहलू:** लंबित मामलों के त्वरित निपटान, भौतिक और ई-फाइलों की समीक्षा, स्वच्छता में सुधार, राजस्व सृजन, नागरिक-केंद्रित सेवाओं में वृद्धि।
* **उदाहरण:** पशुपालन एवं डेयरी विभाग (DAHD) द्वारा विशेष अभियान 5.0 में प्राप्त उपलब्धियों का उल्लेख (जैसे PMO संदर्भों, सार्वजनिक शिकायतों का निपटान, फाइलों को हटाना)।
3. **स्थायी प्रशासनिक सुधारों के लिए पर्याप्तता का आलोचनात्मक परीक्षण:**
* **सीमाएं:** ये अभियान अक्सर अल्पकालिक होते हैं और स्थायी सांस्कृतिक परिवर्तन लाने में चुनौतियां होती हैं। केवल अभियान अवधि तक ही सक्रियता दिख सकती है।
* **संरचनात्मक मुद्दे:** प्रशासनिक सुधारों के लिए केवल अभियान पर्याप्त नहीं हैं; इसके लिए गहरे संरचनात्मक परिवर्तन, प्रौद्योगिकी का निरंतर उपयोग, कर्मचारियों का प्रशिक्षण, जवाबदेही तंत्र को मजबूत करना और कार्य संस्कृति में बदलाव आवश्यक है।
* **निरंतरता का अभाव:** अभियानों के बाद निगरानी और अनुवर्ती कार्रवाई की कमी से पुरानी प्रथाएं फिर से पनप सकती हैं।
4. **आगे का रास्ता:** स्थायी सुधारों के लिए नीतिगत सिफारिशें, जैसे कि डिजिटल इंडिया पहल का विस्तार, ई-गवर्नेंस का पूर्ण कार्यान्वयन, प्रदर्शन-आधारित मूल्यांकन, और नागरिक चार्टर का प्रभावी क्रियान्वयन।
5. **निष्कर्ष:** इन अभियानों के महत्व को स्वीकार करते हुए, स्थायी और व्यापक प्रशासनिक सुधारों के लिए एक समग्र और निरंतर दृष्टिकोण की आवश्यकता पर बल।

स्रोत: PIB (Press Information Bureau)


शैक्षिक उद्देश्य हेतु AanyaAi द्वारा जनित।


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